भारत सरकार ने पिछले 24 घंटों में विभिन्न प्रमुख क्षेत्रों में कई महत्वपूर्ण नीतियों और पहलों पर ध्यान केंद्रित किया है, जिनका उद्देश्य विकास को गति देना और नागरिकों के कल्याण में सुधार करना है।
ग्रामीण विकास और रोजगार
- विकसित भारत-रोजगार और आजीविका मिशन (ग्रामीण) विधेयक, 2025: ग्रामीण रोजगार को बढ़ावा देने के उद्देश्य से, ग्रामीण विकास मंत्रालय ने लोकसभा में 'विकसित भारत-रोजगार और आजीविका मिशन (ग्रामीण) विधेयक, 2025' पेश किया है। यह विधेयक महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा), 2005 का स्थान लेगा और ग्रामीण परिवारों के लिए 125 दिनों के गारंटीकृत मजदूरी रोजगार का वादा करता है। इसका उद्देश्य टिकाऊ ग्रामीण संपत्ति जैसे जल अवसंरचना और सड़कों का निर्माण भी करना है। यह योजना केंद्र प्रायोजित होगी, जिसमें अधिकांश राज्यों के लिए केंद्र और राज्यों के बीच 60:40 का वित्तीय उत्तरदायित्व साझा किया जाएगा।
- प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना (पीएमवीबीआरवाई): सरकार ने प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना (पीएमवीबीआरवाई) को भी मंजूरी दी है, जिसका लक्ष्य दो वर्षों में 3.5 करोड़ से अधिक नौकरियों का सृजन करना और सामाजिक सुरक्षा को मजबूत करना है। इस योजना में नए नियुक्त कर्मचारियों के लिए कर्मचारी भविष्य निधि (ईपीएफ) वेतन के बराबर प्रोत्साहन शामिल हैं।
आर्थिक सुधार और वित्त
- सिक्योरिटीज मार्केट्स कोड बिल, 2025: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने लोकसभा में सिक्योरिटीज मार्केट्स कोड बिल, 2025 पेश किया है। इसका उद्देश्य तीन मौजूदा प्रतिभूति कानूनों को एक आधुनिक ढांचे में समेकित और प्रतिस्थापित करना है, जिससे निवेशक सुरक्षा और पूंजी जुटाने के लिए एक एकीकृत वैधानिक संरचना प्रदान की जा सके।
- आर्थिक सुधार: प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत-ओमान व्यापार मंच में आर्थिक सुधारों जैसे वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) और दिवाला और दिवालियापन संहिता (आईबीसी) को भारत के आर्थिक परिवर्तन के प्रमुख चालक के रूप में उजागर किया। जीएसटी 2.0 सुधारों ने आवश्यक वस्तुओं पर कर दरों को कम कर दिया है, और भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) की दर में कटौती से परिवारों की लागत कम हुई है और मध्यम वर्ग के लिए खर्च करने योग्य आय में वृद्धि हुई है।
पर्यटन और सामाजिक कल्याण
- पर्यटन को बढ़ावा देने की पहल: भारतीय सरकार देश भर में पर्यटन को बढ़ावा देने और विकसित करने के लिए अपने प्रयासों को तेज कर रही है। इसमें नया स्वरूप दिया गया स्वदेश दर्शन योजना 2.0, चैलेंज बेस्ड डेस्टिनेशन डेवलपमेंट प्रोग्राम, इनक्रेडिबल इंडिया कंटेंट हब, सेवा प्रदाताओं के लिए क्षमता निर्माण (सीबीएसटी) योजना और 171 देशों के नागरिकों के लिए ई-वीजा सुविधा शामिल है।
- आयुष्मान भारत योजना: गुजरात आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना-मुख्यमंत्री अमृतम (एबी पीएमजेएवाई-एमए) के तहत लाभार्थियों को दावा भुगतान के मामले में देश में शीर्ष प्रदर्शन करने वाला राज्य बनकर उभरा है।
- गिग वर्कर्स स्कीम: सरकार ने ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर गिग वर्कर्स के लिए पहचान पत्र और पीएम जन आरोग्य योजना के तहत स्वास्थ्य कवर की व्यवस्था करने के लिए एक योजना भी शुरू की है।
- उड़ान योजना का विस्तार: नागरिक उड्डयन मंत्री राममोहन नायडू ने बताया कि क्षेत्रीय हवाई संपर्क योजना, उड़ान के तहत भारत का हवाई अड्डा नेटवर्क 2014 में 74 से बढ़कर आज 160 हवाई अड्डे हो गए हैं और इस योजना को अगले दस वर्षों के लिए बढ़ाया जाएगा।
परमाणु ऊर्जा
- परमाणु ऊर्जा सुधार विधेयक, 2025: संसद ने 'भारत को बदलने के लिए परमाणु ऊर्जा के सतत दोहन और संवर्धन विधेयक, 2025' (शांति विधेयक 2025) पारित कर दिया है। यह विधेयक परमाणु ऊर्जा के विकास और इसके सुरक्षित उपयोग के लिए एक मजबूत नियामक ढांचा प्रदान करने का लक्ष्य रखता है, जो परमाणु ऊर्जा अधिनियम, 1962 और परमाणु क्षति के लिए नागरिक दायित्व अधिनियम, 2010 का स्थान लेगा।
विज्ञान और प्रौद्योगिकी
- अनुसंधान, विकास और नवाचार (आरडीआई) योजना: सरकार ने अनुसंधान, विकास और नवाचार (आरडीआई) योजना को 1 लाख करोड़ रुपये के परिव्यय के साथ अनुमोदित किया है, जिसका उद्देश्य एआई, क्वांटम प्रौद्योगिकियों, स्वच्छ ऊर्जा और जैव प्रौद्योगिकी जैसे सूर्योदय क्षेत्रों में निजी क्षेत्र की भागीदारी को प्रोत्साहित करना है।
- अनुसंधान और नवाचार को बढ़ावा: भारत का विज्ञान और प्रौद्योगिकी परिदृश्य 2025 में महत्वपूर्ण गति प्राप्त कर रहा है, जिसमें ग्लोबल इनोवेशन इंडेक्स 2025 में 38वां स्थान हासिल करना और अनुसंधान प्रकाशनों में विश्व स्तर पर तीसरा स्थान शामिल है। सरकार राष्ट्रीय क्वांटम मिशन और इंडिया एआई मिशन जैसी पहलों के माध्यम से नवाचार को बढ़ावा दे रही है।
- आपदा प्रबंधन और जलवायु लचीलापन: सरकार आपदा प्रबंधन और जलवायु लचीलेपन को मजबूत करने के लिए विज्ञान और प्रौद्योगिकी का लाभ उठा रही है, जिसमें राष्ट्रीय जलवायु परिवर्तन कार्य योजना (एनएपीसीसी) के तहत मिशन शामिल हैं।
- दुर्लभ पृथ्वी चुंबक विनिर्माण को बढ़ावा देने की योजना: सरकार ने सिन्टर्ड दुर्लभ पृथ्वी स्थायी मैग्नेट के घरेलू विनिर्माण को बढ़ावा देने के लिए 7,280 करोड़ रुपये की योजना को मंजूरी दी है, जिससे भारत की औद्योगिक और रणनीतिक आपूर्ति श्रृंखलाएं मजबूत होंगी।
शिक्षा
- विकसित भारत शिक्षा अधिष्ठान विधेयक, 2025: केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने लोकसभा में विकसित भारत शिक्षा अधिष्ठान विधेयक, 2025 पेश किया है। इस विधेयक का उद्देश्य देश के उच्च शिक्षण संस्थानों (एचईआई) को प्रभावी समन्वय और मानकों के निर्धारण के माध्यम से उत्कृष्टता प्राप्त करने के लिए सशक्त बनाना है, जो राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के दृष्टिकोण के अनुरूप है।
अंतर्राष्ट्रीय संबंध
- भारत-ओमान संबंध: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मस्कट में सुल्तान हैथम बिन तारिक के साथ एक द्विपक्षीय बैठक की, जिसमें भारत-ओमान रणनीतिक साझेदारी की व्यापक समीक्षा की गई। दोनों नेताओं ने व्यापक आर्थिक साझेदारी समझौते (सीईपीए) पर हस्ताक्षर का स्वागत किया और ऊर्जा, कृषि, शिक्षा और डिजिटल प्रौद्योगिकियों में सहयोग को बढ़ावा देने पर चर्चा की।
- भारत-अमेरिका संबंध: भारत-संयुक्त राज्य अमेरिका विदेश कार्यालय परामर्श में व्यापार और निवेश, रक्षा सहयोग, ऊर्जा सहयोग, प्रौद्योगिकी, महत्वपूर्ण खनिज और विश्वसनीय आपूर्ति श्रृंखला सहित प्रमुख द्विपक्षीय मुद्दों पर चर्चा हुई।
- भारत-इथियोपिया संबंध: प्रधानमंत्री मोदी की इथियोपिया यात्रा के दौरान, दोनों देशों ने द्विपक्षीय सहयोग और क्षेत्रीय एवं वैश्विक महत्व के मुद्दों पर व्यापक बातचीत की, जिसमें आर्थिक संबंध संबंधों की रीढ़ बने हुए हैं।
नियुक्तियाँ
- सारा रिजवी (आईपीएस: 2008: गुजरात) के अंतर-कैडर प्रतिनियुक्ति कार्यकाल को व्यक्तिगत कठिनाई के आधार पर दो साल के लिए बढ़ाया गया है।
पुरस्कार
- राष्ट्रीय पुरस्कार 2025: संस्कृति मंत्रालय के तहत राष्ट्रीय विज्ञान संग्रहालय परिषद (एनसीएसएम) को संचार और सार्वजनिक जुड़ाव में उत्कृष्टता के लिए पब्लिक रिलेशंस सोसाइटी ऑफ इंडिया (पीआरएसआई) द्वारा दो प्रतिष्ठित राष्ट्रीय पुरस्कार 2025 से सम्मानित किया गया है। इनमें "हर घर संग्रहालय" पहल और "वेस्ट टू आर्ट" प्रकाशन के लिए पुरस्कार शामिल हैं।
- इंडियाज बेस्ट अवार्ड्स: ट्रैवल + लेजर इंडिया एंड साउथ एशिया ने आईटीसी मौर्या, नई दिल्ली में अपना 14वां वार्षिक इंडियाज बेस्ट अवार्ड्स (आईबीए) मनाया, जिसमें यात्रा और आतिथ्य क्षेत्र में सर्वश्रेष्ठ को मान्यता दी गई।